navratri-shakti-or-upashna-ka-mahaparv-2024″नवरात्रि: शक्ति और उपासना का महापर्व”2024
navratri-shakti-or-upashna-ka-mahaparv-2024
नवरात्रि: शक्ति और उपासना का पर्व
नवरात्रि का पर्व भारतीय संस्कृति में विशेष स्थान रखता है। यह पर्व शक्ति की देवी दुर्गा की आराधना के लिए समर्पित है। नवरात्रि का मतलब है ‘नौ रातें’, और इन नौ दिनों में मां दुर्गा के नौ रूपों की पूजा की जाती है। यह पर्व विशेष रूप से हिंदू धर्म में बहुत महत्व रखता है और साल में दो बार मनाया जाता है – चैत्र नवरात्रि (मार्च-अप्रैल) और शारदीय नवरात्रि (सितंबर-अक्टूबर)।
नवरात्रि के नौ दिन और मां दुर्गा के नौ रूप:
1. मां शैलपुत्री –
पर्वत की बेटी और शक्ति का प्रतीक।
2. मां ब्रह्मचारिणी –
तपस्या और साधना की देवी।
3. मां चंद्रघंटा –
साहस और वीरता की प्रतीक।
4. मां कूष्मांडा –
सृष्टि की रचयिता और ऊर्जा की देवी।
5. मां स्कंदमाता –
ज्ञान और मोक्ष का मार्ग दिखाने वाली।
6. मां कात्यायनी –
राक्षसों का नाश करने वाली।
7. मां कालरात्रि –
सभी भय और नकारात्मक ऊर्जा को दूर करने वाली।
8. मां महागौरी –
शुद्धता और शांति की देवी।
9. मां सिद्धिदात्री –
सभी इच्छाओं को पूर्ण करने वाली।
उपवास और पूजा की महत्ता:
नवरात्रि के दौरान श्रद्धालु उपवास रखते हैं और मां दुर्गा की पूजा-अर्चना करते हैं। यह उपवास आत्मशुद्धि और संयम का प्रतीक है। हर दिन विशेष प्रसाद, फल और मिठाइयाँ देवी को अर्पित की जाती हैं। भक्तजन मंत्रों, भजन और कीर्तन के साथ देवी का आह्वान करते हैं।
सांस्कृतिक महत्त्व:
नवरात्रि केवल धार्मिक पर्व ही नहीं, बल्कि यह हमारे समाज और संस्कृति का भी महत्वपूर्ण हिस्सा है। इस दौरान देश के विभिन्न हिस्सों में गरबा, डांडिया, रामलीला और दुर्गा पूजा जैसे सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन होता है, जो इस पर्व को और भी विशेष बना देते हैं।
नवरात्रि का संदेश:

यह पर्व हमें जीवन में सकारात्मक ऊर्जा, शुद्धता, और सत्य की राह पर चलने की प्रेरणा देता है। नवरात्रि का महत्व सिर्फ धार्मिक नहीं, बल्कि मानसिक और आध्यात्मिक शक्ति प्राप्त करने में भी है।
इस नवरात्रि, आइए हम सभी मिलकर मां दुर्गा की उपासना करें और अपने जीवन में सुख, शांति और समृद्धि की कामना करें।
नवरात्रि क्यों मनाते हैं?
नवरात्रि मनाने के पौराणिक कारण:
1. राक्षस महिषासुर का वध: माता दुर्गा ने राक्षस महिषासुर को मारकर देवताओं की रक्षा की थी।
2. सुंभ और निसुंभ का वध: माता दुर्गा ने सुंंभ और निसुंभ नामक राक्षसों को मारकर देवताओं की रक्षा की थी।
3. बुराई पर अच्छाई की जीत: नवरात्रि में माता दुर्गा की पूजा करके हम बुराई पर अच्छाई की जीत की कामना करते हैं।
नवरात्रि मनाने के धार्मिक कारण:
1. माता दुर्गा की आराधना
2. शक्ति और साहस की पूजा
3. आत्म-शुद्धि और आत्म-ज्ञान
4. माता दुर्गा की कृपा